मंडल रेलवे चिकित्सालय, फिरोजपुर में मरीजों को आधुनिक चिकित्सा सुविधा देने के लिए डबल स्पिन ट्राई-सेल पीआरपी थेरेपी शुरू की गई है। नई ट्रिपल चैंबर तकनीक से प्लेटलेट्स की सांद्रता 6 से 7 गुना और ग्रोथ फैक्टर्स की सांद्रता 14 गुना तक प्राप्त की जा सकती है। अस्पताल के अनुसार इससे मरीजों की रिकवरी पहले की तुलना में 2 से 3 गुना तेजी से होने की संभावना है।
अमृतसर (आर. के. उप्पल) : मंडल रेलवे चिकित्सालय, फिरोजपुर में मरीजों को बेहतर एवं आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से अत्याधुनिक डबल स्पिन ट्राई-सेल पीआरपी (प्लेटलेट रिच प्लाज्मा) थेरेपी शुरू की गई है। अस्पताल इस उन्नत तकनीक को अपनाने वाले अग्रणी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में शामिल है।
प्लेटलेट्स की सांद्रता 6 से 7 गुना तक
अस्पताल में पहले डबल चैंबर तकनीक से पीआरपी थेरेपी दी जाती थी, जिससे प्लेटलेट्स की सांद्रता सामान्य स्तर से करीब दो गुना तक प्राप्त होती थी। इस तकनीक से अब तक लगभग 50 मरीजों का उपचार किया जा चुका है। नई ट्रिपल चैंबर तकनीक से प्लेटलेट्स की सांद्रता 6 से 7 गुना तथा विभिन्न ग्रोथ फैक्टर्स की सांद्रता 14 गुना तक प्राप्त की जा सकती है।
तेज और बेहतर रिकवरी की उम्मीद
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रंजना सहगल ने बताया कि उपलब्ध चिकित्सा साहित्य के अनुसार नई तकनीक से मरीजों की स्थिति में पूर्व तकनीक की तुलना में लगभग 2 से 3 गुना तेजी से सुधार होने की संभावना है। इससे उपचार का प्रभाव अधिक समय तक बने रहने के साथ मरीजों को बेहतर आराम मिल सकेगा।
फिरोजपुर मंडल द्वारा आधुनिक चिकित्सा तकनीकों को अपनाकर रेल कर्मचारियों एवं उनके परिजनों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के प्रयास लगातार जारी हैं।