फेज-7 की लाइटों पर एससी-बीसी महापंचायत पंजाब के मोर्चे में विभिन्न थानों से पीड़ित परिवार पहुंचे और पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन किया। एसएसपी कार्यालय के घेराव की तैयारी के बीच डीएसपी सिटी-2 हरसिमरत सिंह बल मौके पर पहुंचे और मांगपत्र लेकर कार्रवाई का भरोसा दिया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर कथित ज्यादती के आरोप लगाए। मोर्चा अध्यक्ष बलविंदर सिंह कुंभड़ा ने 15 दिन में कार्रवाई न होने पर दोबारा घेराव की चेतावनी दी।
मोहाली : फेज-7 की लाइटों पर एससी-बीसी महापंचायत पंजाब की ओर से लगाए गए मोर्चे पर गुरुवार को विभिन्न थानों से पीड़ित परिवार बड़ी संख्या में पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने एसएसपी मोहाली के घेराव की तैयारी शुरू की तो पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंच गया। डीएसपी सिटी-2 हरसिमरत सिंह बल अपनी टीम के साथ मोर्चे पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों से मांगपत्र लेकर जल्द कार्रवाई का भरोसा दिया।
प्रदर्शनकारियों ने काले कपड़े पहनकर सरकार और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मंंच से पंजाब के राज्यपाल, मुख्यमंत्री और डीजीपी को भेजे गए मांगपत्रों के माध्यम से पीड़ित परिवारों को जल्द इंसाफ दिलाने की मांग की गई
नाबालिग और 20 वर्षीय युवती से कथित ज्यादती का आरोप
मोर्चा अध्यक्ष बलविंदर सिंह कुंभड़ा ने आरोप लगाया कि जिन पुलिस कर्मचारियों की जिम्मेदारी लोगों को इंसाफ दिलाने और धक्केशाही रोकने की है, उन्हीं पर पीड़ितों के साथ ज्यादती के आरोप लग रहे हैं। उन्होंने कहा कि एक नाबालिग बच्ची और 20 वर्षीय युवती को कथित तौर पर 24-24 घंटे थानों में बैठाया गया। शिकायत देने के बावजूद पीड़ितों के खिलाफ ही मामले दर्ज किए जाने का आरोप लगाते हुए उन्होंने इसे शर्मनाक बताया।
कुंभड़ा ने कहा कि डीएसपी हरसिमरत सिंह बल ने भरोसा दिया है कि किसी के साथ धक्केशाही नहीं होने दी जाएगी और पीड़ितों को इंसाफ दिलाने के लिए कार्रवाई की जाएगी।
सरकार पर भी साधा निशाना
मास्टर बनवारी लाल और स्विंदर सिंह लखोवाल ने भी प्रदर्शनकारियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि पुलिस की कथित ज्यादतियों की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि लोगों द्वारा चुनी गई सरकारें सत्ता में आने के बाद जनता की समस्याओं और पंजाब के विकास को भूल जाती हैं। उन्होंने लोगों से एकजुट होकर अन्याय के खिलाफ आवाज बुलंद करने की अपील की।
पीड़ित युवतियों ने सुनाई आपबीती
प्रदर्शन में पीड़ित परिवारों के सदस्य भी शामिल हुए। अंजली और वर्षा ने अपने साथ हुई कथित ज्यादतियों के बारे में बताया। उन्होंने पुलिस पर मारपीट किए जाने के आरोप भी लगाए और मामले में इंसाफ की मांग की।
15 दिन में कार्रवाई नहीं तो फिर घेराव
बलविंदर सिंह कुंभड़ा ने चेतावनी दी कि यदि 15 दिन के भीतर उनकी मांगों और पीड़ित परिवारों की शिकायतों पर उचित कार्रवाई नहीं हुई तो एसएसपी मोहाली कार्यालय का दोबारा घेराव किया जाएगा।