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चंडीगढ़/यूटर्न/18 फरवरी। एक लोकल कोर्ट ने चंडीगढ़ में प्रॉपर्टी डीलर सोनू शाह के सात साल पुराने मर्डर केस में लॉरेंस बिश्नोई को बरी कर दिया है, जबकि तीन अन्य राजन उर्फ जाट, मंजीत और शुभम प्रजापतई को दोषी ठहराया है। कोर्ट 20 फरवरी को सज़ा सुनाएगी। सोनू शाह को कथित तौर पर 28 सितंबर, 2019 को सेक्टर 45 के बुरैल गांव में उनके ऑफिस के अंदर हमलावरों ने गोली मार दी थी। उनके दो साथी, जोगिंदर पहलवान और रोमी, फायरिंग में घायल हो गए थे। पुलिस ने दावा किया कि गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के कहने पर सोनू शाह की हत्या की गई थी। आरोप साबित नहीं हो सके प्रॉसिक्यूशन बिश्नोई और पांच अन्य आरोपियों के खिलाफ आरोप साबित करने में नाकाम रहा, जिससे उन्हें बरी कर दिया गया। कोर्ट ने आरोपियों के खिलाफ आईपीसी की धारा 302 (हत्या), 307 (हत्या की कोशिश), और 120-B (आपराधिक साजिश) और आर्म्स एक्ट की धारा 25 के तहत आरोप तय किए। लॉरेंस बिश्नोई को सबूतों की कमी के कारण कई मामलों में बरी कर दिया गया है, जिसमें जबरन वसूली का मामला और आर्म्स एक्ट का मामला शामिल है। वह सिंगर सिद्धू मूसेवाला की हत्या सहित कई मामलों में ट्रायल का सामना कर रहा है। ---