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दलजीत अजनोहा हुशियारपुर हुशियारपुर/यूटर्न/ 16 मार्च।अखिल भारतीय संत समिति की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक होशियारपुर के श्री ठाकुर द्वारा पट्टी में अखिल भारतीय संत समिति, पंजाब प्रदेश कार्यकारिणी की एक महत्वपूर्ण बैठक कल महंत स्वामी पवन कुमार दास जी महाराज के सानिध्य में सम्पन्न हुई। बैठक में पंजाब भर से अनेक संत महात्माओं ने भाग लेकर संगठन के कार्यों और धार्मिक गतिविधियों पर विचार-विमर्श किया। इस अवसर पर मुख्य रूप से पंजाब प्रदेशाध्यक्ष डॉ. स्वामी दिनेश्वरानंद जी महाराज (चंडीगढ़), उपाध्यक्ष महामंडलेश्वर स्वामी मनकामनेश्वर जी महाराज (अमृतसर), प्रदेश महामंत्री पीठाधीश्वर परमहंस स्वामी बसंत जी महाराज (नंगल डैम), सहमंत्री स्वामी श्रीधराचार्य जी महाराज (आनंदपुर साहिब) तथा सह-कोषाध्यक्ष महंत स्वामी पवन कुमार दास जी महाराज विशेष रूप से उपस्थित रहे, जिनके स्थान पर यह बैठक आयोजित की गई। इनके अतिरिक्त कई अन्य सहयोगी संत भी बैठक में शामिल हुए। बैठक के दौरान संतों ने कहा कि पंजाब के दसों गुरुओं ने पंजाब की अस्मिता और मानवता की रक्षा के लिए अपने जीवन का बलिदान दिया। आज उसी अस्मिता को सहेजने और मजबूत करने की आवश्यकता है। संतों ने कहा कि समाज में आपसी भाईचारा, सद्भाव और एकता को बढ़ाने के लिए अखिल भारतीय संत समिति अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। संतों ने यह भी कहा कि राष्ट्र सर्वोपरि है और समाज के हर वर्ग को राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखते हुए मिल-जुलकर कार्य करना चाहिए। बैठक में समाज में आध्यात्मिक मूल्यों को मजबूत करने तथा भविष्य में धार्मिक व सामाजिक कार्यक्रमों को बढ़ाने पर भी चर्चा की गई।इस अवसर पर प्रदेशाध्यक्ष डॉ. स्वामी दिनेश्वरानंद जी ने अपने संबोधन में कहा के अखिल भारतीय संत समिति में पूरे भारत वर्ष की 127 संप्रदायों के संत महापुरुष शामिल है और अखिल भारतीय संत समिति की ओर से 2027 में एक विशाल आंदोलन किया जाएगा और यह आंदोलन कोई मार काट या झगड़े वाला नहीं होगा बल्कि विचारक होगा जिस में राष्ट्र विरोधी ताकतों के मुकाबले हेतु लोगों को जागरूक किया जाएगा और इसके अतिरिक्त पंजाब के अन्य कई अहम मुद्दों जिनमे धर्म परिवर्तन और अन्य शामिल थे जिनके समाधान सम्बन्धी विचार विमर्श भी किया गया