Uturn Time
Breaking
Chandigarh: भारतीय जनता पार्टी का प्रशिक्षण वर्ग चंडीगढ़ में सफलतापूर्वक संपन्न पश्चिम बंगाल में जनादेश 2026- सत्ता का नया सवेरा -9 मई 2026 रबिन्द्रनाथ टैगोर की जयंती: नई सरकार का शपथ ग्रहण -कई गंभीर चुनौतियां Testing Agin Zirakpur: तेज आंधी ने बढ़ाया खतरा, हाईवे पर उड़ती शीट से हड़कंप Zirakpur: बलटाना में लगातार वारदातें, बुजुर्ग से छीनी सोने की चेन zirakpur: युवक-युवती और दुकानदार में झड़प, शिवालिक विहार में माहौल तनावपूर्ण Chandigarh: कारोबारियों के लिए राहत, राइट टू बिजनेस मॉडल पर काम शुरू Chandigarh: चंडीगढ़ घटना पर कानूनी जंग तेज, सुप्रीम कोर्ट पहुंचा यूटी प्रशासन Ghaziabad: लुधियाना से CS हरदीप सिंह ने गाज़ियाबाद कार्यशाला में लिया भाग Chandigarh: मान सरकार पर हमले तेज, जाखड़ ने राज्यपाल से की अहम मुलाकात Panchkula: वार्ड-7 बना चुनावी हॉटस्पॉट, प्रेम कुमार ने झोंकी पूरी ताकत Panchkula: तीन शहरों के लिए जीवनदान, पंचकूला में बना ग्रीन कॉरिडोर
Logo
Uturn Time
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से कंपनियों के प्रतिनिधिमंडल ने की मुलाकात
चंडीगढ़, 15 अप्रैल — हरियाणा में शहरी परिवहन व्यवस्था को आधुनिक, स्मार्ट और टिकाऊ बनाने की दिशा में राज्य सरकार ने एक और बड़ा और दूरदर्शी कदम उठाया है। शहरों में अत्याधुनिक पोड टैक्सी (ग्लाइडवेज) प्रणाली को लागू करने की संभावनाओं पर सरकार गंभीरता से मंथन कर रही है, जिससे प्रदेश में स्मार्ट मोबिलिटी का नया युग शुरू होने की उम्मीद है। इसी कड़ी में मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी से बुधवार को चंडीगढ़ स्थित संत कबीर कुटीर में जापान की प्रतिष्ठित कंपनी सुजुकी मोटर कॉरपोरेशन तथा ग्लाइडवेज कंपनी के उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने शिष्टाचार भेंट की। बैठक के दौरान हरियाणा सरकार और जापानी कंपनियों के बीच ग्लाइडवेज ट्रांजिट प्रोजेक्ट को लेकर संभावित साझेदारी के विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा सरकार प्रदेश में विश्वस्तरीय आधारभूत ढांचा विकसित करने और नागरिकों को बेहतर यातायात सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। बैठक में पोड टैक्सी सेवा शुरू करने की व्यवहार्यता, संभावित कॉरिडोर एवं रूट प्लानिंग, परियोजना के लिए निवेश मॉडल, पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) की संभावनाएं तथा इसके क्रियान्वयन की समयसीमा जैसे महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की गई। इस परियोजना के माध्यम से शहर की यातायात व्यवस्था में आने वाले व्यापक बदलावों और नागरिकों को मिलने वाली सुविधाओं का भी आंकलन किया गया। प्रतिनिधिमंडल ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से बताया कि ग्लाइडवेज एक अत्याधुनिक, स्वचालित (डायवरलैस) और ऑन-डिमांड सार्वजनिक परिवहन प्रणाली है, जिसे उन्नत तकनीक के साथ विकसित किया जा रहा है। यह प्रणाली छोटे-छोटे स्वचालित पॉड्स के माध्यम से यात्रियों को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का अनुभव प्रदान करती है। इसका उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को कम करना, यात्रा समय को घटाना तथा एक पर्यावरण-अनुकूल परिवहन विकल्प उपलब्ध कराना है। उल्लेखनीय है कि शहरों के विकास को गति देने के लिए भारत सरकार द्वारा 'अर्बन चैलेंज फंड' के अंतर्गत शहरी इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा देने और अधिक से अधिक निवेश आकर्षित करने की नई पहलों के तहत सहयोग प्रदान किया जाएगा। यह परियोजना न केवल ट्रैफिक मैनेजमेंट में सुधार लाएगी, बल्कि ऊर्जा दक्षता और कार्बन उत्सर्जन में कमी लाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इस प्रणाली को भविष्य की स्मार्ट सिटी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए डिजाइन किया गया है, जिससे यह दीर्घकालिक और सतत विकास के लक्ष्यों के अनुरूप है। बैठक में मुख्यमंत्री की मुख्य प्रधान सचिव श्री राजेश खुल्लर, शहरी स्थानीय निकाय विभाग की आयुक्त एवं सचिव श्री अशोक कुमार मीणा, मिशन निदेशक, स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) श्री शाश्वत सांगवान, CM’s विदेश सहयोग विभाग के सलाहकार श्री पवन चौधरी, सुजुकी मोटर कॉरपोरेशन से केंटो ओगुरा, ग्लाइडवेज कंपनी से क्रिस राइली, डेव मानु और अल्बर्टो फर्नांडेज़ लोपेज़ उपस्थित रहे।