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16 जनवरी को डीसी कार्यालय का घेराव करेंगे किसान व कर्मचारी संगठन ज़ीरकपुर 07 Jan : बिजली संशोधन बिल 2025, बीज संशोधन बिल और लेबर कोड बिल के विरोध में किसानों, मजदूरों और कर्मचारियों ने गांव छत्त में बैठक कर आम लोगों को जागरूक किया। यह बैठक भारतीय किसान यूनियन (पुआध), टीएसयू, पेंशनर यूनियन और बिजली विभाग की ठेका कर्मचारी यूनियन ज़ीरकपुर की ओर से आयोजित की गई। बैठक को संबोधित करते हुए विभिन्न संगठनों के नेताओं ने इन बिलों को पंजाब और आम जनता के लिए “मारक” बताते हुए कहा कि केंद्र सरकार इन कानूनों के जरिए किसानों, मजदूरों और कर्मचारियों के हितों पर सीधा हमला कर रही है। नेताओं ने कहा कि इन बिलों से बिजली महंगी होगी, बीजों पर कॉरपोरेट कंपनियों का कब्जा बढ़ेगा और श्रमिकों के अधिकार कमजोर होंगे। इस मौके पर नेताओं ने जानकारी दी कि 10 जनवरी को गुरुद्वारा साहिब सिंह शहीदां, सोहाणा में सभी संगठनों की एक संयुक्त बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक में आगामी आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी। भारतीय किसान यूनियन पुआध के प्रदेश अध्यक्ष तरलोचन सिंह, किसान नेता रुस्तम सेख, टीएसयू नेता राजिंदर कुमार और बिजली विभाग ठेका कर्मचारी यूनियन के नेता एकम सिद्धू (मोहाली) ने ऐलान किया कि 10 जनवरी की बैठक के बाद 16 जनवरी को मोहाली स्थित डीसी कार्यालय का घेराव कर जोरदार रोष प्रदर्शन किया जाएगा और संयुक्त मांग पत्र सौंपा जाएगा। नेताओं ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार इन बिलों के माध्यम से पंजाब की किसानी, रोजगार, सरकारी संस्थानों और युवाओं को कॉरपोरेट घरानों के हवाले करने की नीति पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि जैसे पहले तीन काले कृषि कानूनों को एकजुट संघर्ष से वापस कराया गया था, उसी तरह इन बिलों को भी रद्द करवाने के लिए पंजाब भर में जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इसी कड़ी में पूरे पंजाब की विभिन्न जत्थेबंदियां एक साझा मंच बनाकर 16 जनवरी को सभी जिलों में डीसी कार्यालयों का घेराव करेंगी और पंजाब व केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करेंगी। इस दौरान किसान नेता रविंदर सिंह, ठेका कर्मचारी नेता सुखविंदर सिंह, रोहित कुमार और ठेका कर्मचारी यूनियन ज़ीरकपुर के प्रधान अमनिंदर सिंह सहित कई अन्य कार्यकर्ता भी उपस्थित रहे।