Uturn Time
Breaking
Mohali: Sohana में 18 दिन का गुरमत-गतका कैंप, सिख विरासत से जुड़ रहे युवा Gurugram: अवैध लिंग जांच पर सख्ती, गुरुग्राम स्वास्थ्य विभाग ने यूपी में गिरोह दबोचा Kaithal: ‘प्यारी बेटी’ मुहिम से बेटियों को मिलेगी नई पहचान और प्रेरणा: सीईओ सुरेश राविश New Delhi: जीडीपी आंकड़ों में सुधार, भारत की अर्थव्यवस्था 7.7% की दर से बढ़ने की उम्मीद Hushiarpur: होशियारपुर फोटोग्राफर एसोसिएशन की अहम बैठक हुई Mumbai: शेख फाउंडेशन की ओर से ईद-उल-अजहा डिनर दावत का भव्य आयोजन, मुंबई की नामचीन हस्तियों ने की शिरकत Hushiarpur: देश में ED और CBI जैसी एजेंसियों का राजनीतिकरण किया जा रहा है: प्रणव कृपाल Hushiarpur: ज़िला नशा मुक्ति पुनर्वास केंद्र हुशियारपुर में विश्व पर्यावरण दिवस मनाया गया Hoshiarpur: बीबीएमबी तलवाड़ा में विश्व पर्यावरण दिवस मनाया गया Kalayat: कलायत के मनखुश ने JEE Advanced में गाड़े सफलता के झंडे, हासिल किया ऑल इंडिया 1000वां रैंक नौकरी के लिए धरना दे रहे लोगों पर लाठीचार्ज, 10 हिरासत में लिए Kurukshetra: भारत की सांस्कृतिक शक्ति का प्रमाण व सनातन संस्कृति का वह अनमोल उपहार है योग: नायब सिंह सैनी
Logo
Uturn Time
प्रशासन के लिखित आश्वासन के बाद जॉइंट एक्शन कमेटी अध्यक्ष ने तोड़ा अनशन
ज़ीरकपुर 17 Feb : आरयूबी 123-सी के निर्माण हेतु फंड जारी करवाने की मांग को लेकर जॉइंट एक्शन कमेटी, बलटाना के अध्यक्ष प्रताप सिंह राणा द्वारा किया जा रहा आमरण अनशन देर रात प्रशासन के आश्वासन के बाद समाप्त हो गया। चंडीगढ़ प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी धरना स्थल पर पहुंचे और प्रताप राणा को जूस पिलाकर अनशन तुड़वाया। इस दौरान प्रशासन की ओर से मांग पर सकारात्मक कार्रवाई का लिखित आश्वासन भी सौंपा गया। आश्वासन मिलने के बाद आंदोलन समाप्त करने की घोषणा की गई। आंदोलन की समाप्ति के बाद प्रताप राणा ने गुलाब चंद कटारिया का विशेष आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ के प्रशासक एवं पंजाब के राज्यपाल के व्यक्तिगत हस्तक्षेप और जनहित के प्रति संवेदनशीलता के चलते ही प्रशासन सक्रिय हुआ और वार्ता का रास्ता खुल सका। राणा ने कहा, “यह सिर्फ हमारी नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र की जनता की जीत है। लोकतंत्र में शांतिपूर्ण आंदोलन की ताकत एक बार फिर साबित हुई है।” उन्होंने राजस्थान परिवार सेवा संघ के अध्यक्ष एवं चंडीगढ़ खादी ग्रामोद्योग के सदस्य पवन शर्मा की भूमिका की भी सराहना की। उनके अनुसार, पवन शर्मा ने राज्यपाल और प्रदर्शनकारियों के बीच समन्वय स्थापित कर समाधान निकालने में महत्वपूर्ण योगदान दिया, जिससे गतिरोध समाप्त हुआ। गौरतलब है कि आरयूबी 123-सी के निर्माण की मांग लंबे समय से उठाई जा रही थी। स्थानीय निवासियों का कहना है कि इस परियोजना के पूर्ण होने से क्षेत्र में यातायात व्यवस्था में सुधार होगा और रोजमर्रा की आवाजाही में बड़ी राहत मिलेगी। अंत में प्रताप राणा ने मीडिया का धन्यवाद करते हुए कहा कि पत्रकारों की सक्रियता और निष्पक्ष कवरेज के कारण ही यह मुद्दा प्रशासन के उच्च स्तर तक पहुंचा और सकारात्मक परिणाम सामने आया।