Uturn Time
Breaking
Chandigarh: भारतीय जनता पार्टी का प्रशिक्षण वर्ग चंडीगढ़ में सफलतापूर्वक संपन्न पश्चिम बंगाल में जनादेश 2026- सत्ता का नया सवेरा -9 मई 2026 रबिन्द्रनाथ टैगोर की जयंती: नई सरकार का शपथ ग्रहण -कई गंभीर चुनौतियां Testing Agin Zirakpur: तेज आंधी ने बढ़ाया खतरा, हाईवे पर उड़ती शीट से हड़कंप Zirakpur: बलटाना में लगातार वारदातें, बुजुर्ग से छीनी सोने की चेन zirakpur: युवक-युवती और दुकानदार में झड़प, शिवालिक विहार में माहौल तनावपूर्ण Chandigarh: कारोबारियों के लिए राहत, राइट टू बिजनेस मॉडल पर काम शुरू Chandigarh: चंडीगढ़ घटना पर कानूनी जंग तेज, सुप्रीम कोर्ट पहुंचा यूटी प्रशासन Ghaziabad: लुधियाना से CS हरदीप सिंह ने गाज़ियाबाद कार्यशाला में लिया भाग Chandigarh: मान सरकार पर हमले तेज, जाखड़ ने राज्यपाल से की अहम मुलाकात Panchkula: वार्ड-7 बना चुनावी हॉटस्पॉट, प्रेम कुमार ने झोंकी पूरी ताकत Panchkula: तीन शहरों के लिए जीवनदान, पंचकूला में बना ग्रीन कॉरिडोर
Logo
Uturn Time
अश्विनी वालिया कुरुक्षेत्र कुरुक्षेत्र, 8 मार्च।  हरियाणा राज्य भारत स्काउट्स एण्ड गाइड्स के पूर्व जिला संगठन उपायुक्त (स्काउट्स) दलबीर मलिक ने कहा कि स्कूलों में पढ़ने वाले छात्रों को संस्कारित करने का सबसे सशक्त माध्यम है स्काउटिंग। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यालय में स्काउट एंड गाइड्स की यूनिट अनिवार्य रूप से होनी चाहिए। मलिक ने कहा कि सरकारी आदेशों के तहत स्कूलों में स्काउट्स एण्ड गाइड्स यूनिट तो बनाई जाती है लेकिन पूरी सक्रियता के साथ कार्य नहीं किया जाता। स्काउट आंदोलन के नियम, प्रतिज्ञा, उद्देश्य को छात्र यदि अपने जीवन में उतार ले तो उन्हें चरित्रवान, स्वावलंबी, राष्ट्र के प्रति समर्पित और समाज सेवा करने से उन्हें कोई रोक नहीं सकता क्योंकि स्काउटिंग सिखाती है परमात्मा के प्रति हमारे क्या कर्तव्य है, दूसरों के प्रति क्या कर्तव्य है और अपने प्रति क्या कर्तव्य है। स्काउटिंग छात्रों को समाज सेवा के प्रति उनके कर्तव्य का बोध करवाती हैं। स्काउटिंग का ध्येय वाक्य है  सदैव तैयार रहना। स्काउटिंग छात्रों को पुस्तकीय ज्ञान के साथ-साथ व्यवहारिक ज्ञान करवाती है। पूर्व डीओसी दलबीर मलिक ने कहा कि स्काउटिंग से छात्रों में जहां संस्कार आते है वहीं सहनशीलता, धैर्य, बहादुरी ,सहयोग ,प्रतिस्पर्धा, अनुशासन इत्यादि गुण भी तेजगति से पनपते हैं। मलिक ने कहा कि स्काउट–गाइड्स की गतिविधियाँ केवल सैद्धांतिक नहीं होतीं, बल्कि व्यावहारिक होती हैं। शिविर (कैंप), ट्रैकिंग, प्राथमिक चिकित्सा, आपदा प्रबंधन, सामुदायिक सेवा, पर्यावरण संरक्षण आदि के माध्यम से बच्चों में—आत्मविश्वास,नेतृत्व क्षमता, टीम भावना,निर्णय लेने की योग्यता, आत्मनिर्भरता, का विकास होता है। कठिन परिस्थितियों में धैर्य और साहस बनाए रखना भी यही आंदोलन सिखाता है। सामाजिक समरसता और राष्ट्रीय एकता- स्काउट–गाइड्स मूवमेंट जाति, धर्म, भाषा और क्षेत्र से ऊपर उठकर सभी को एक सूत्र में पिरोता है। स्काउटिंग से जुड़ने पर छात्र बुराइयों से दूर होता चला जाता है और वह अच्छे संस्कारों से ओतप्रोत होकर एक सुसभ्य नागरिक के रूप में समाज और राष्ट्र के प्रति समर्पणभव से कार्य करता है जिससे कि स्काउटिंग का उद्देश्य पूर्ण हो जाता है।